उत्तर प्रदेश के एक ऐसे दौर की कल्पना कीजिए जहां कानून की नहीं, बल्कि सिर्फ खौफ और बंदूकों की भाषा चलती थी ...
उत्तर प्रदेश के एक ऐसे दौर की कल्पना कीजिए जहां कानून की नहीं, बल्कि सिर्फ खौफ और बंदूकों की भाषा चलती थी। एक ऐसा बदनाम शहर जहां आम इंसान सूरज ढलने के बाद बाहर निकलने से कतराता था और पूरा इलाका दो बेर ...