
थक्काली श्रीनिवासन।
तमिल सिनेमा के बहुमुखी कलाकार और मानवीय सेवा के प्रति समर्पित व्यक्तित्व वाले थक्काली श्रीनिवासन के निधन से दक्षिण भारतीय फिल्म जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। ठक्कली श्रीनिवासन ने एक्टिंग, म्यूजिक, डायरेक्शन के अलावा बतौर प्रोड्यूसर अपनी गहरी छाप छोड़ी थी। बेंगलुरु में लंबी बीमारी से जूझने के बाद उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके स्वास्थ्य में खासा सुधार नहीं हो रहा था, जिसके बाद उनकी मौक की खबर सामने आई। बीते दिन यानी मंगलवार को बेंगलुरु में ही उन्होंने अंतिम सांस ली और आज यानी बुधवार को उनका अंतिम संस्कार संपन्न किया जाएगा।
बहुमुखी प्रतिभा के धनी
थक्काली श्रीनिवासन तमिल फिल्म इंडस्ट्री कॉलीवुड के उन गिने-चुने कलाकारों में से थे, जिन्होंने सिनेमा की लगभग हर विधा में अपनी छाप छोड़ी। एक सफल निर्माता के रूप में उन्होंने ‘इवार्स वरुंगलथथूनगल’, ‘मनसुकल मथाप्पू’, ‘नालाई मनिथन’ और ‘अधिसाया मनिथन’ जैसी यादगार फिल्मों को पर्दे पर उतारा। निर्माण के अलावा निर्देशन के क्षेत्र में भी उनका योगदान अतुलनीय रहा। उन्होंने ‘जेन्मा नत्चतिरम’, ‘विटनेस’, ‘असोकावनम’ और ‘अदुत्तुट्टू’ जैसी फिल्मों का कुशल निर्देशन किया, जिन्हें दर्शकों और समीक्षकों ने सराहा। संगीत के प्रति उनका झुकाव भी जगजाहिर था; उन्होंने ‘नालाई मनिथन’, ‘वलाथु कालाई वाथी वा’, ‘विटनेस’ और ‘पुडिया गोली’ जैसी फिल्मों के लिए कर्णप्रिय संगीत की रचना की।
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अभिनय का सफर और पर्दे पर मौजूदगी
पर्दे के पीछे रहने के साथ-साथ थक्काली श्रीनिवासन ने अभिनय के क्षेत्र में भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। उन्होंने ‘सूरसम्हारम’, ‘सिरायिल सिला रागंगल’, ‘जेनमा नत्चतिरम’ और ‘नालाई मनिथन’ जैसी फिल्मों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाईं। उनकी अभिनय शैली में एक सहजता थी, जो उन्हें अन्य कलाकारों से अलग खड़ा करती थी।
सिनेमा से सेवा तक
थक्काली श्रीनिवासन का जीवन केवल चकाचौंध तक सीमित नहीं था। अपने जीवन के अंतिम पड़ाव में उन्होंने खुद को पूरी तरह मानवीय सेवा के लिए समर्पित कर दिया था। वे एक आश्रम का संचालन करते थे, जहां वे अपने गोद लिए हुए बच्चों की देखभाल और परवरिश में लगे रहते थे। वे अक्सर कहते थे कि वास्तविक शांति सेवा में ही है। उनके निधन पर तमिल फिल्म जगत की दिग्गज हस्तियों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। सिनेमा के क्षेत्र में उनकी उपलब्धियां और समाज के प्रति उनकी निस्वार्थ सेवा आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा एक मिसाल बनी रहेगी। कॉलीवुड ने न केवल एक बेहतरीन फिल्मकार खोया है, बल्कि एक नेक दिल इंसान को भी विदाई दी है।
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