
भारतीय टेलीविजन के इतिहास में जब भी कॉमेडी शोज का जिक्र होता है तो हमारे दिमाग में जोर-जबरदस्ती के ठहाके, लाफ्टर ट्रैक और भारी-भरकम डायलॉग्स गूंजने लगते हैं, लेकिन साल 2010 में एक ऐसा अनोखा प्रयोग किया गया, जिसने बिना एक भी शब्द बोले पूरे देश को लोटपोट कर दिया। यह एक ऐसा दौर था जब सास-बहू के ड्रामे और रोने-धोने वाले सीरियल्स के बीच एक साइलेंट कॉमेडी शो ने दस्तक दी। इस शो की सबसे बड़ी खासियत यह थी कि इसने मनोरंजन जगत को एक ऐसा नायाब हीरा दिया, जिसने आगे चलकर कॉमेडी की परिभाषा बदल दी। जी हां, हम बात कर रहे हैं हर दिल अजीज अभिनेता सुनील ग्रोवर की। आज भले ही सुनील ग्रोवर को ‘गुत्थी’ या ‘डॉक्टर मशहूर गुलाटी’ के रूप में घर-घर में पहचाना जाता हो, लेकिन उनके स्टारडम की नींव इसी बिना डायलॉग वाले शो से पड़ी थी। इस शो ने साबित कर दिया कि हंसाने के लिए भारी-भरकम डायलॉग्स की नहीं, बल्कि सिर्फ बेहतरीन टाइमिंग और चेहरे के हाव-भाव की जरूरत होती है।
भारतीय टीवी का पहला साइलेंट कॉमेडी शो
इस कल्ट और बेहद अनोखे टीवी शो का नाम है ‘गुटुर गू’। साल 2010 में जब यह शो पहली बार दर्शकों के सामने आया तो हर कोई हैरान रह गया। यह भारतीय टेलीविजन इतिहास का सबसे पहला ‘साइलेंट कॉमेडी शो’ था। शो का प्लॉट बेहद साधारण लेकिन मजेदार था। यह कहानी एक आम मध्यवर्गीय परिवार के इर्द-गिर्द घूमती थी, जिसमें बालू नाम का एक सीधा-साधा लड़का अपनी पत्नी, माता-पिता और एक नौकर के साथ रहता है। बालू स्वभाव से बहुत सीधा है, लेकिन वह अनजाने में हर दिन किसी न किसी ऐसी अजीबोगरीब परिस्थिति या मुसीबत में फंस जाता है, जिससे पूरा परिवार परेशान हो जाता है। इसके बाद शुरू होता था सिचुएशनल कॉमेडी का वो सफर, जो दर्शकों को हंसने पर मजबूर कर देता था। शो की पूरी यूएसपी यही थी कि इसमें कोई भी किरदार आपस में बात नहीं करता था, बल्कि बैकग्राउंड म्यूजिक, साउंड इफेक्ट्स और कलाकारों की कमाल की बॉडी लैंग्वेज से पूरी कहानी बयां की जाती थी।
दिग्गजों से सजी कास्ट और सुनील ग्रोवर का जादू
‘गुटुर गू’ को कामयाब बनाने में इसके कलाकारों की टोली का सबसे बड़ा हाथ था। शो के पहले सीज़न में मुख्य किरदार ‘बालू’ की भूमिका सुनील ग्रोवर ने निभाई थी। सुनील ग्रोवर ने बिना एक भी शब्द बोले सिर्फ अपनी आंखों, चेहरे के एक्सप्रेशन्स और अनोखी वॉक से दर्शकों का दिल जीत लिया था। उनके इस साइलेंट अभिनय ने मेकर्स और दर्शकों दोनों को उनका मुरीद बना दिया। सुनील ग्रोवर के अलावा इस शो में मुख्य अभिनेत्री के रूप में शीतल मौलिक नजर आईं, जिन्होंने बालू की पत्नी का किरदार निभाया था। वहीं अनुभवी अभिनेता केके गोस्वामी ने पप्पू नाम के एक छोटे कद के मजेदार कैरेक्टर को जीवंत किया था। इनके साथ ही जयदत्त व्यास, भावना बलसावर और कशिश शाह जैसे बेहतरीन कलाकारों ने भी शो में अपनी कॉमिक टाइमिंग से समां बांध दिया था। इस कमाल के शो को क्रिएट और डायरेक्ट करने का श्रेय मशहूर निर्देशक बीपी सिंह को जाता है, जिन्हें देश के सबसे लंबे चलने वाले शो ‘सीआईडी’के लिए जाना जाता है। बीपी सिंह ने अपनी सस्पेंस-थ्रिलर इमेज से बिल्कुल अलग हटकर इस कॉमेडी शो का निर्देशन किया और इसे क्लासिक बना दिया।
बाकी शोज से जुदा अंदाज और शानदार IMDb रेटिंग
यह शो अपने दौर के बाकी सभी शोज़ से बिल्कुल अलग और जुदा था। जहाँ दूसरे शोज़ में लाउड कॉमेडी और डबल मीनिंग जोक्स का सहारा लिया जा रहा था, वहीं ‘गुटुर गू’ एक शुद्ध पारिवारिक शो था, जिसे घर के छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सब साथ बैठकर देख सकते थे। इसकी तुलना वैश्विक स्तर पर ‘मिस्टर बीन’ या ‘चार्ली चैपलिन’ के सिनेमा से की जाती थी। दर्शकों और समीक्षकों ने इस अनोखे प्रयोग को हाथों-हाथ लिया, यही वजह है कि IMDb पर ‘गुटुर गू’ की रेटिंग 7.9/10 है, जो इसे भारत के सबसे बेहतरीन रेटिंग वाले शोज़ की लिस्ट में शुमार करती है। इसके पहले सीजन की अपार सफलता को देखते हुए इसके कुल तीन सीज़न बनाए गए, जिसमें इसके कुल 189 से अधिक एपिसोड्स प्रसारित हुए और हर एपिसोड ने दर्शकों को एक फ्रेश और नया कंटेंट दिया।
पहले कहां आता था और अब कहां देख सकते हैं?
‘गुटुर गू’ के प्रसारण की बात करें तो यह शो सबसे पहले ‘सब टीवी’ पर प्रसारित होता था, जो अपनी पारिवारिक कॉमेडी सामग्री के लिए जाना जाता है। साल 2010 से लेकर अगले कुछ सालों तक वीकेंड पर इस शो ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। यदि आप आज के दौर में उस पुराने और खूबसूरत ज़माने की यादों को ताज़ा करना चाहते हैं या सुनील ग्रोवर के उस शुरुआती दौर के अभिनय को दोबारा देखना चाहते हैं तो यह शो अब भी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध है। ‘गुटुर गू’ के सभी एपिसोड्स को आप ओटीटी प्लेटफॉर्म सोनी लिव और यूट्यूब पर बिल्कुल मुफ्त में कभी भी देख सकते हैं। आज के भागदौड़ और तनाव भरे समय में बिना किसी शोर-शराबे के सुकून की हंसी हंसने के लिए यह शो आज भी एक बेहतरीन विकल्प है।
ये भी पढ़ें: ‘देखा है तेरी आंखों को’ का क्यूट चॉकलेटी हीरो याद है? 25 साल बाद हो गया और भी हैंडसम, TV की वैंप को बनाया लेडी लक
Doonited Affiliated: Syndicate News Hunt
This report has been published as part of an auto-generated syndicated wire feed. Except for the headline, the content has not been modified or edited by Doonited
